Wednesday, May 23,2018     ई पेपर
ब्रेकिंग न्यूज़
दिल्ली

बाबा वीरेन्द्र के वकील ने महिलओं के खिलाफ की टिप्पणी, जज ने कोर्टरूम से किया बाहर

Publish Date: February 05 2018 08:21:39pm

नई दिल्ली (उत्तम हिन्दू न्यूज) : दिल्ली उच्च न्यायालय में एक केस की सुनवाई के दौरन एक वकील ने महिलाओं पर बड़ी भद्दी टिप्पणी की। इस टिप्पणी के बाद पीठ पर बैठी महिला जज ने उस वकील को कोर्टरूम से बाहर कर दिया। दरअसल, लड़कियों को आश्रम में कैद कर कथित यौन शोषण के आरोपों से घिरे वीरेंद्र देव दीक्षित के केस में उनकी ओर से पैरवी कर रहे वकील ने गलतबयानी कर दी। इस गलत बयानी पर मुख्य न्यायाधीश गीता मित्तल ने तत्काल संज्ञान लिया और वकील को कोर्टरूम से बाहर निकलवा दिया। 

बहस के दौरान वकील ने कह दिया था कि नारी नर्क का द्वार होती है, इसीलिए हम लड़कियों को आश्रम में कैद करके रखते हैं। इस बयान को सुनकर जज सहित अन्य सभी लोग चौंक पड़े। दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने वकील के लफ्ज को आपत्तिजनक बताते हुए प्रतिवाद किया। जिस पर कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश गीता मित्तल ने कोर्टरूम से उस वकील को बाहर का रास्ता दिखाया।

आश्रम के वकील ने यह भी कहा कि हम न तो कोई सोसायटी हैं और न ही हमारे ऊपर विश्वविद्यालय अनुदान आयोग या किसी अन्य संस्था का आदेश लागू होता है, क्योंकि हम कोई डिग्री या डिप्लोमा नहीं देते हैं। इस पर हाईकोर्ट ने पूछा-आखिर यह विश्वविद्यालय कैसे कहलाता है? इस पर  वकील ने अपने जवाब में कहा कि चूंकि इस आश्रम का संचालन खुद भगवान कर रहे हैं, इस नाते यह विश्वविद्यालय कहलाता है। वकील ने दीक्षित को भगवान बताते हुए कहा कि जब भगवान खुद ज्ञान दे रहे हैं, तो कोई हमको विश्वविद्यालय कहने से मना कैसे कर सकता है।
 

WhatsApp पर न्यूज़ Updates पाने के लिए हमारे नंबर 9814266688 को अपने Mobile में Save करके इस नंबर पर Missed Call करें ।


विश्व कप की तैयारी के लिए अर्जेटीना पहुंचे मेसी

ब्यूनस आयर्स(उत्तम हिन्दू न्यूज): बार्सिलोना के स्टार खिलाड़ी...

जीवन के हर रिश्ते को महत्व देती हैं करीना कपूर

मुंबई (उत्तम हिन्दू न्यूज) : अभिनेत्री करीना कपूर खान का कहना...

top