Saturday, December 15,2018     ई पेपर
ब्रेकिंग न्यूज़
राष्ट्रीय

NITI आयोग का बड़ा खुलासा, 2030 तक पीने के पानी के लिए तरसेगा भारत 

Publish Date: June 15 2018 05:12:15pm

नई दिल्ली (उत्तम हिन्दू न्यूज) : नीति आयोग ने सरकार को चेतावनी दी है कि यदि पानी की किल्लत का मुकम्मल समाधान नहीं निकाला गया तो आने वाले समय में और समस्या बढऩे वाली है। नीति आयोग के अपने हालिया रिपोर्ट में बताया है कि भारत में प्रत्येक साल कम से कम दो लाख लोग पानी की कमी के कारण मर जाते हैं। आयोग का दावा है कि आने वाले समय में यह समस्या और बढऩे वाली है। आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक फिलहाल 60 करोड़ लोग पानी की समस्या से जूझ रहे हैं। वहीं करीब दो लाख लोगों की हर साल साफ पानी की कमी से मौत हो जाती है। 

नीति आयोग ने शुक्रवार को जल प्रबंधन इंडेक्स जारी किया। इंडेक्स से जुड़ी रिपोटज़् में बताया गया है कि भारत पानी को लेकर इतिहास के सबसे बुरे दौर से गुजर रहा है जिसमें 60 करोड़ लोगों को पीने का पानी मयस्सर नहीं है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि भारत में हर साल तकरीबन 2 लाख लोग पेयजल की कमी से मर रहे हैं। इंडेक्स में यह भी बताया गया है कि देश के किस राज्य में पेयजल की क्या हालत है। इसमें गुजरात सबसे ऊपर है। वहीं झारखंड लिस्ट में सबसे निचले पायदान पर है। लिस्ट में गुजरात के बाद मध्य प्रदेश, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और महाराष्ट्र का नाम है। 

आज केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने यह रिपोर्ट जारी की। नीति आयोग ने जल प्रबंधन इंडेक्स के आधार पर पहली बार राज्यों की लिस्ट तैयार की है। यह इंडेक्स अंडरग्राउंड पानी, पोखर झील के स्तर में सुधार, सिंचाई, खेती, पेयजल, नीति और संचालन व्यवस्था समेत कुल 28 फैक्टर के आधार पर तैयार किया गया है। रिपोर्ट के मुताबिक जल प्रबंधन के मामले में झारखंड, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और बिहार की हालत सबसे खराब है।

इस मौके पर गडकरी ने कहा कि जल प्रबंधन बड़ी समस्या है और जिन राज्यों ने अच्छा किया है, उन्होंने खेती में भी बेहतर किया है। उन्होंने कहा, दिल्ली में वायु प्रदूषण और जल प्रबंधन की समस्या से निपटने के लिए मैं दिल्ली के मुख्यमंत्री के साथ बैठक करने जा रहा हूं। रिपोर्ट में यह भी कहा कि देश में गंभीर जल संकट है और लाखों लोगों की जिंदगी को खतरा है। रिपोर्ट के मुताबिक फिलहाल 60 करोड़ लोग पानी की समस्या से जूझ रहे हैं। वहीं करीब दो लाख लोगों की हर साल साफ पानी की कमी से मौत हो जाती है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि 2030 तक देश में पानी की मांग आपूर्ति के मुकाबले दोगुनी हो जाने का अनुमान है। इससे करोड़ों लोगों के सामने जल संकट की हालत पैदा होगी। नीति आयोग ने भविष्य में सालाना आधार पर रैंकिंग जारी करने का मन बनाया है।
 

WhatsApp पर न्यूज़ Updates पाने के लिए हमारे नंबर 7400043000 को अपने Mobile में Save करके इस नंबर पर Missed Call करें। फेसबुक-टिवटर पर हमसे जुड़ने के लिए www.fb.com/uttamhindu/ आैर www.twitter.com/DailyUttamHindu पर क्लिक करें आैर पेज को लाइक करें।


पर्थ टेस्ट : दूसरे दिन का खेल खत्म, भारत का स्कोर- 173/3

पर्थ (उत्तम हिन्दू न्यूज) : भारत ने यहां पर्थ स्टेडियम में आस...

Isha weds Anand: मेहमानों की खातिरदारी करते दिखे अमिताभ, आमिर और शाहरूख, देखें तस्वीरें

मुंबई (उत्तम हिन्दू न्यूज): देश के मशहूर बिजनेसमैन मुकेश अंबानी की बेटी ईशा अंबानी ने हाल ...

top