Wednesday, December 12,2018     ई पेपर
ब्रेकिंग न्यूज़
राष्ट्रीय

'बिप्लब ज्ञान' पर साइंटिस्ट ने लगाई मुहर, कहा-बतख बढ़ाती है ऑक्सीजन

Publish Date: August 29 2018 03:22:48pm

नई दिल्ली (उत्तम हिन्दू न्यूज) : त्रिपुरा के मुख्यमंत्री बिप्लब देब के ज्ञान पर एक वैज्ञानिक ने दावा किया है कि सचमुच बतख के पानी में तैरने से पानी का ऑक्सीजन लेवल बढता है। लिहाजा बिप्लब ज्ञान पर साइंटिस्ट ने भी मोहर लगा दी है। दरअसल, त्रिपुरा के मुख्यमंत्री बिप्लब देब ने सोमवार को कहा था कि बतख ऑक्सीजन लेवल बढ़ाते हैं। उन्होंने कहा कि बतख बांटने से ग्रामीण अर्थव्यवस्था में तेजी आएगी। मंगलवार को खबर सामने आने के बाद सोशल साइट पर बिप्लव देव पर सवाल उठाए गए थे लेकिन कम से कम एक एक्सपर्ट ने अब इस बात को सही ठहराया है। आपको बता दें कि मुख्यमंत्री के इस बयान की जबरदस्त आलोचना हो रही है। इस बीच वैज्ञानिक की स्वीकार्यता के बाद आलोचना झेल रहे देब को राहत मिलने की पूरी संभावना है। 

मुख्यमंत्री बिप्लब देब ने सोमवार को कहा था कि आज मैंने घोषणा की है कि 50,000 देसी हंस (बतख) आसपास के लोगों को दे दिए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा था-इस जलाशय (नीरमहल लेक) में जब 50 हजार सफेद डक घुमेंगी तो कितनी सुंदर लगेगा और उससे ऑक्सीजन भी रिसाइकल होती है। एएनआई के मुताबिक, इंडियन काउंसिल ऑफ फॉरेस्ट्री रिसचज़् एंड एजुकेशन के साइंटिस्ट ए देबबर्मा ने कहा है-बतख-मछली फामिंज़्ग एक इंटीग्रेटेड फामिंज़्ग है. बतख के मल-मूत्र से मछलियों को बढऩे में मदद मिलती है। 

ए देबबमाज़् ने कहा-बतख नेचुरल एरेटर होते हैं और ऑक्सीजन लेवल बढ़ाने में मदद करते हैं. स्टडी में यह बात साबित हुई है। मुख्यमंत्री ने बतख देने की घोषणा के साथ ये भी कहा था कि स्थानीय लोगों को 8 से 10 करोड़ का रोजगार इसी से मिलेगा। उन्होंने इसे मछलियों और टूरिज्म के लिए भी अच्छा बताया। त्रिपुरा के सीएम बनने के बाद से ही बिप्लब देव कई बयानों से चर्चा में रहे हैं। उन्होंने मॉब लिंचिग की वारदातों के पीछे अंतरराष्ट्रीय षड्यंत्र करार देते हुए कहा था कि त्रिपुरा में अब इस तरह की घटनाओं पर लगाम लग गई है। 

बिप्लब देब महाभारत काल में इंटरनेट और सैटेलाइट होने का दावा कर भी सुखिज़्यों में आए थे। उन्होंने ये भी कहा था कि डायना हेडन इंडियन ब्यूटी नहीं हैं. डायना हेडन की जीत फिक्स थी। बिप्लब देब ने युवाओं को नौकरियों के बदले पान की दुकान खोलने की सलाह भी दे डाली थी। ऐसे ही एक बयान में देब ने कहा था कि मैकेनिकल इंजीनियरिंग के लोगों को सिविल सर्विसेज का चयन नहीं करना चाहिए। 
 

WhatsApp पर न्यूज़ Updates पाने के लिए हमारे नंबर 7400063000 को अपने Mobile में Save करके इस नंबर पर Missed Call करें। फेसबुक-टिवटर पर हमसे जुड़ने के लिए www.fb.com/uttamhindu/ आैर www.twitter.com/DailyUttamHindu पर क्लिक करें आैर पेज को लाइक करें।


आईसीसी टेस्ट रैंकिंग : विराट कोहली शीर्ष पर बरकरार, पुजारा चौथे नंबर पर

नई दिल्ली (उत्तम हिन्दू न्यूज): आस्ट्रेलियाई जमीन पर अपनी अगु...

कियारा आडवाणी 'कलंक' में विशेष उपस्थिति को लेकर उत्साहित

मुंबई (उत्तम हिन्दू न्यूज): अभिनेत्री कियारा आडवाणी अभिषेक वर्मन की ऐतिहासिक फिल्म 'कल...

top